ब्लड शुगर जांचते समय न करें ये गलतियां, गलत आ सकती है रीडिंग

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हेल्लो दोस्तों आज इस संस्करण में हम आपको शुगर टेस्टिंग करते समय क्या गलती (Mistakes During Sugar Testing) होती है इसके बारे में बता रहे हैं. मधुमेह होने के बाद व्यक्ति को अपने ब्लड शुगर की लगातार निगरानी रखनी पड़ती है ताकि शुगर के असंतुलित होने पर उचित उपाय अपनाकर इसे तुरंत नियंत्रित किया जा सके। इसके लिए लोग ग्लूकोमीटर का इस्तेमाल करते हैं।

हालांकि कई बार लोग ब्लड शुगर जांचते समय कुछ ऐसी छोटी-मोटी गलतियां कर देते हैं जिनके कारण ग्लूकोमीटर में ब्लड शुगर की रीडिंग गलत आती है। चलिए आज आपको ऐसी ही कुछ गलतियों के बारे में बताते हैं।

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1. आसपास का मौसम ठीक न होना :

अगर मधुमेह रोगी किसी ऐसी जगह पर अपना ब्लड शुगर जांचता है जहां उसके आसपास का मौसम ज्यादा गर्म या फिर ज्यादा ठंडा है तो इस वजह से रोगी का ग्लूकोमीटर गलत रीडिंग दे सकता है। दरअसल, ठंडे मौसम में रीडिंग कम आने और गर्म मौसम में रीडिंग ज्यादा आने की अशंका रहती है। इसलिए मधुमेह रोगी को ऐसी जगह पर बैठकर ग्लूकोमीटर का इस्तेमाल करना चाहिए जहां का तापमान न ज्यादा गर्म हो और न ही ज्यादा ठंडा।

Mistakes During Sugar Testing
Mistakes During Sugar Testing

2. हाथों का साफ न होना :

अगर मधुमेह रोगी हाथों को साफ किए बिना ही अपना ब्लड शुगर जांचते हैं तो यह उनकी सबसे बड़ी गलती हो सकती है। रोगी को हमेशा अपने हाथ धोकर ब्लड शुगर जांचना चाहिए क्योंकि कई बार हाथ पर धूल-मिट्टी या अन्य कोई चीज लगे होने के कारण भी ग्लूकोमीटर में रीडिंग गलत आ जाती है। इसलिए मधुमेह रोगियों को हमेशा हाथों को अच्छे से धोकर ही ग्लूकोमीटर का इस्तेमाल करना चाहिए।

3. हाथ में पानी लगा होना :

हाथ को सिर्फ धोना नहीं, बल्कि अच्छी तरह सुखाना भी जरूरी है। ब्लड शुगर की रीडिंग के समय अगर आपके हाथ गीले हैं या उंगली में पानी लगा है, तो रीडिंग गलत आ सकती है। इसका कारण यह है कि ब्लड के साथ पानी के मिलने से ब्लड डायल्यूट हो जाता है और रीडिंग गलत आ जाती है।

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4. पानी पीने के बाद जांचे शुगर :

अगर मधुमेह रोगी को प्यास लगी हो तो उसे पहले पानी पीना चाहिए, फिर अपना ब्लड शुगर जांचना चाहिए और ऐसा न करना गलती हो सकती है। दरअसल, प्यास लगने पर मधुमेह रोगी के रेड ब्लड सेल्स की संख्या कम हो जाती है और अगर वह देर तक पानी नहीं पीता है तो ग्लूकोमीटर में रीडिंग गलत आ सकती है। इसलिए बेहतर होगा कि मधुमेह रोगी प्यास लगने पर पानी पीने में देरी न करें।

Mistakes During Sugar Testing
Mistakes During Sugar Testing

5. जांच उपकरण का गलत इस्तेमाल :

अगर मधुमेह रोगी को ब्लड शुगर जांचते समय सटीक परिणाम चाहिए है तो उसे ग्लूकोमीटर का गलत इस्तेमाल करने से बचना चाहिए। मधुमेह रोगी को ग्लूकोमीटर के लिए सही लैंसेट और टेस्‍ट स्ट्रिप्स का इस्तेमाल करना चाहिए और सुई को हर जांच के बाद बदलना चाहिए। दरअसल, कई रोगी एक ही सुई को अधिक समय तक बदलने से बचते हैं और ऐसा करने से संक्रमण की संभावना कई गुना बढ़ सकती है।

6. खाने के तुरंत बाद चेक करना :

अगर आप खाने के तुरंत बाद अपना ब्लड शुगर चेक करते हैं, तो आपका ब्लड शुगर हमेशा बढ़ा हुआ आएगा। इसलिए कभी भी आपको खाना, नाश्ता या कोई भारी चीज खाने के बाद तुरंत ब्लड शुगर नहीं चेक करना चाहिए। हमेशा खाने के 2-3 घंटे बाद ही ब्लड शुगर चेक करें या फिर अपने डॉक्टर से इस बारे में राय लें कि आपके लिए ब्लड शुगर चेक करने का सही समय क्या है। Mistakes During Sugar Testing

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7. एक्सपायर स्ट्राइप्स का इस्तेमाल :

ब्लड शुगर चेक करने के लिए जिन स्ट्राइप्स का इस्तेमाल किया जाता है, उनका बॉक्स खोलने के बाद उन्हें इस्तेमाल करने का एक निश्चित समय होता है, जो आमतौर पर एक महीना होता है। इसलिए बॉक्स को देखकर सुनिश्चित कर लें कि आप जिस स्ट्राइप का इस्तेमाल कर रहे हैं, वो एक्सपायर नहीं है, अन्यथा रीडिंग गलत आ सकती है।

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