शुरू हो गया पौष का महीना, 100 साल बाद बन रहा है विशेष संयोग

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हिन्दू पंचांग के 10वें महीने को पौष (2021 Paush Month Begins) कहते हैं. इस महीने में हेमंत ऋतु का प्रभाव रहता है अतः ठंढक काफी रहती है. इस महीने में सूर्य अपने विशेष प्रभाव में रहता है. इस महीने में मुख्य रूप से सूर्य की उपासना ही फलदायी होती है.

मान्यता है कि इस महीने सूर्य ग्यारह हजार रश्मियों के साथ व्यक्ति को उर्जा और स्वास्थ्य प्रदान करता है. पौष मास में अगर सूर्य की नियमित उपासना की जाय तो वर्ष भर व्यक्ति स्वस्थ्य और संपन्न रहेगा. इस बार पौष मास 31 दिसंबर से 28 जनवरी तक रहेगा. पौष का महीना अत्यंत शुभ नक्षत्र में आरंभ हो रहा है. इस दिन पुष्य नक्षत्र रहेगा. पुष्य नक्षत्र को सभी नक्षत्रों में शुभ माना गया है. पुष्य नक्षत्र में पौष माह का आरंभ 100 साल बाद हो रहा है.

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ऐसे करें पौष में सूर्य देव की उपासना :

नित्य प्रातः स्नान करने के बाद सूर्य को जल अर्पित करें. ताम्बे के पात्र से जल दें, जल में रोली और लाल फूल डालें. इसके बाद सूर्य के मंत्र “ॐ आदित्याय नमः” का जाप करें. इस माह नमक का सेवन कम से कम करें.

भगवान विष्णु की पूजा करनी चाहिए :

पौष माह भगवान विष्णु को समर्पित है. इस माह में भगवान विष्णु की पूजा करने से विशेष लाभ प्राप्त होता है. इस माह में पड़ने वाली एकादशी तिथि का भी विशेष महत्व बताया गया है. एकादशी का व्रत सभी व्रतों में श्रेष्ठ माना गया है. एकादशी का व्रत रखने से भगवान विष्णु प्रसन्न होते हैं. पौष मास में सफला एकादशी और पुत्रदा एकादशी का व्रत पड़ेगा.

2021 Paush Month Begins
2021 Paush Month Begins

इस महीने बरतें ये सावधानी :

खाने पीने में मेवे और स्निग्ध चीजों का इस्तेमाल करें. चीनी की बजाय गुड का सेवन करें. अजवाइन, लौंग और अदरक का सेवन लाभकारी होता है. इस महीने में ठंडे पानी का प्रयोग, स्नान में गड़बड़ी और अत्यधिक खाना खतरनाक हो सकता है. इस महीने में बहुत ज्यादा तेल घी का प्रयोग भी उत्तम नहीं होगा

इस महीने में मध्य रात्रि की साधना उपासना त्वरित फलदायी होती है. इस महीने में गर्म वस्त्रों और नवान्न का दान काफी उत्तम होता है. इस महीने में लाल और पीले रंग के वस्त्र भाग्य में वृद्धि करते हैं. इस महीने में घर में कपूर की सुगंध का प्रयोग स्वास्थ्य को खूब अच्छा रखता है.

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पुष्य नक्षत्र का महत्व :

पुष्य नक्षत्र में शुभ कार्यों को महत्व बताया गया है. इस दिन को दान, पुण्य के लिए उत्तम माना गया है. इस दिन अच्छे कार्यों को करना चाहिए. इसका जीवन में विशेष लाभ प्राप्त होता है.

पौष में पड़ेंगे 5 गुरुवार :

पंचांग के अनुसार इस बार पौष मास में 5 गुरुवार पड़ रहे हैं. गुरु ग्रह इस समय मकर राशि में गोचर कर रहे हैं. शनि के साथ गुरु युति बनाए हुए हैं. पौष मास में 5 गुरुवार पड़ने से शिक्षक, छात्र और विद्वान लोगों को अच्छा फल प्राप्त होगा.

2021 Paush Month Begins
2021 Paush Month Begins

मकर संक्रांति :

पौष महीने में ही मकर संक्रांति का पर्व पड़ेगा. 14 जनवरी 2021 को मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाएगा. इस दिन सूर्य धनु राशि से निकल कर मकर राशि में प्रवेश करेंगे. इस संक्रांति का विशेष धार्मिक महत्व है. मकर संक्रांति पर पवित्र नदी में स्नान और दान का विशेष महत्व होता है. इस मास में सूर्य भगवान की भी पूजा की जाती है.

इस मास में जरूर करें ये काम :

इस मास में आधी रात में की गई पूजा-अचर्ना को तप समान माना गया है और यही कारण है कि इस पूजा का त्वरित लाभ मिलता है। साथ ही इस मास में मनुष्य को जरूरतमंदों को गर्म वस्त्र और नवान्न का दान जरूर करना चाहिए। यदि आप अपने भाग्य को चमकाना चाहते हैं तो इस मास में लाल और पीले रंग के वस्त्र धारण करें। घर में कपूर का धूप शाम के समय जरूर दें।

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